लीबिया
लीबिया में आयोजित अंतरराष्ट्रीय स्काईडाइविंग कार्यक्रम में 65 स्काईडाइवर्स ने करीब 13 हजार फीट की ऊंचाई से छलांग लगाकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि में संयुक्त अरब अमीरात में रहने वाले तीन भारतीय भी शामिल रहे। गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड ने 14 अगस्त को इस रिकॉर्ड की आधिकारिक पुष्टि की।
यह आयोजन 7 अगस्त को लीबिया में हुआ था। इसमें 38 देशों के स्काईडाइवर्स ने हिस्सा लिया। प्रतिभागियों ने अपने-अपने देश के झंडे लेकर आसमान से छलांग लगाई। भारतीय प्रतिभागियों ने तिरंगा लेकर इस साहसिक अभियान में भारत का प्रतिनिधित्व किया।
कौन हैं रिकॉर्ड बनाने वाले तीन भारतीय?
इस अंतरराष्ट्रीय रिकॉर्ड का हिस्सा बनने वाले तीन भारतीयों में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से अभिषेक रावत, बिहार के पटना से ईशा राज और केरल के कन्नूर से जमशीर थनालोट शामिल हैं।
तीनों वर्तमान में यूएई में रहते हैं। अंतरराष्ट्रीय स्काईडाइविंग कार्यक्रम में उन्होंने अन्य देशों के प्रतिभागियों के साथ हिस्सा लिया और तिरंगे के साथ छलांग लगाकर भारत की मौजूदगी दर्ज कराई।
भारतीय प्रतिभागियों के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण रही क्योंकि उन्होंने विदेश में रहते हुए एक अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन में भारत का राष्ट्रीय ध्वज लेकर हिस्सा लिया।
13 हजार फीट की ऊंचाई से छलांग
कार्यक्रम में शामिल 65 स्काईडाइवर्स ने सेना के इल्यूशिन आईएल-76टीडी एयरक्राफ्ट से करीब 13 हजार फीट की ऊंचाई से छलांग लगाई।
स्काईडाइविंग एक ऐसा साहसिक खेल है जिसमें प्रतिभागियों को ऊंचाई से छलांग लगाने के बाद हवा की गति, दिशा और अपने आसपास मौजूद अन्य स्काईडाइवर्स की स्थिति का ध्यान रखना पड़ता है।
सामूहिक स्काईडाइविंग में तालमेल सबसे महत्वपूर्ण होता है। सभी प्रतिभागियों को निर्धारित फॉर्मेशन और समय का ध्यान रखना पड़ता है। इसलिए बड़ी संख्या में स्काईडाइवर्स का एक साथ रिकॉर्ड बनाने के लिए सफलतापूर्वक छलांग लगाना चुनौतीपूर्ण माना जाता है।
38 देशों की भागीदारी
इस आयोजन में 38 देशों के स्काईडाइवर्स शामिल हुए। अलग-अलग देशों के प्रतिभागियों ने अपने राष्ट्रीय झंडों के साथ इस ऐतिहासिक प्रयास में हिस्सा लिया।
भारतीय टीम की ओर से तिरंगे का प्रदर्शन आयोजन के दौरान खास आकर्षण रहा। इससे भारत का प्रतिनिधित्व भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हुआ।
आयोजन की विविधता और बड़ी संख्या में देशों की भागीदारी ने इसे एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का साहसिक कार्यक्रम बना दिया।
गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड की आधिकारिक पुष्टि
7 अगस्त को हुए इस आयोजन के बाद गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड ने 14 अगस्त को रिकॉर्ड की आधिकारिक पुष्टि की। इसके साथ ही 65 स्काईडाइवर्स की इस उपलब्धि को रिकॉर्ड के तौर पर मान्यता मिल गई।
तीन भारतीयों की भागीदारी ने इस सफलता को देश के लिए भी गौरव का विषय बना दिया है। खासतौर पर तिरंगे के साथ छलांग लगाने की तस्वीर और उपलब्धि भारतीय समुदाय के लिए भावनात्मक महत्व रखती है।
यूएई में रहने वाले इन तीन भारतीयों ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी क्षमता के साथ-साथ भारत का प्रतिनिधित्व भी किया। उनकी उपलब्धि उन भारतीयों के लिए प्रेरणा बन सकती है जो विदेशों में रहकर साहसिक खेलों और अन्य क्षेत्रों में आगे बढ़ रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की मौजूदगी
भारत के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि स्काईडाइविंग जैसे साहसिक खेलों में भारतीयों की भागीदारी लगातार बढ़ रही है। इस आयोजन में तीन भारतीयों का शामिल होना और तिरंगे के साथ रिकॉर्ड का हिस्सा बनना देश के लिए गर्व का क्षण है।










