वाशिंगटन, अमेरिका
ब्रिटेन स्थित RAF फेयरफोर्ड एयरबेस पर नई और अज्ञात धमकी मिलने के बाद अमेरिका ने अपने सभी लंबी दूरी के बॉम्बर विमानों को वापस अमेरिका भेज दिया है। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब एयरबेस को निशाना बनाने की कथित ईरानी साजिश को लेकर सुरक्षा चिंताएं सामने आई हैं।
एक अमेरिकी रक्षा अधिकारी ने इस घटनाक्रम की पुष्टि करते हुए बताया कि RAF फेयरफोर्ड में तैनात सभी अमेरिकी बॉम्बर विमानों को उनके होम बेस पर वापस भेज दिया गया है। हालांकि, सुरक्षा कारणों के चलते अधिकारी ने धमकी की प्रकृति और विमानों को वापस बुलाने के सटीक कारण की जानकारी सार्वजनिक नहीं की।
अमेरिका का यह फैसला RAF फेयरफोर्ड की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता के बीच आया है। एयरबेस पर अमेरिकी लंबी दूरी के बॉम्बर विमानों की तैनाती होती रही है। ऐसे में किसी संभावित खतरे के बीच इन विमानों को हटाने का निर्णय सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अमेरिकी अधिकारी ने केवल इतना बताया कि सभी तैनात बॉम्बर विमानों को वापस उनके होम बेस भेज दिया गया है। उन्होंने यह नहीं बताया कि विमानों को किस समय या किस विशेष सुरक्षा इनपुट के बाद वापस भेजा गया।
एयरबेस को निशाना बनाए जाने की कथित ईरानी साजिश की जानकारी सामने आने के बाद ब्रिटेन में भी सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। नई और अज्ञात धमकी ने इस चिंता को और बढ़ा दिया है।
हालांकि, अभी तक अमेरिका ने धमकी से जुड़ी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। इसलिए खतरे की प्रकृति और उसके संभावित स्रोत को लेकर आधिकारिक स्तर पर कोई विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं है।
अमेरिका द्वारा RAF फेयरफोर्ड से सभी बॉम्बर विमानों को वापस बुलाए जाने के बाद इस घटनाक्रम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नजर बनी हुई है। खासकर इसलिए क्योंकि यह फैसला सुरक्षा अलर्ट और कथित ईरानी साजिश की खबरों के बीच लिया गया है।










