कर्नाटक के उडुपी जिले के बालेकुद्रु मठ से छह प्राचीन मूर्तियां चोरी होने का मामला सामने आया है। इस मामले में मठ के प्रमुख स्वामी वासुदेव सदाशिवाश्रम और कुछ कर्मचारियों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है, जबकि स्वामी मठ में ताला लगाकर फरार हो गए हैं।
मूर्तियों की चोरी और ऑनलाइन बिक्री कैसे हुई?
बालेकुद्रु मठ में भगवान नरसिंह, गणपति और महिषमर्दिनी समेत छह सदियों पुरानी मूर्तियों की पूजा की जाती थी। कुछ समय पहले ये मूर्तियां अचानक गायब हो गईं। मठ के स्वामी ने शिष्यों को बताया कि मूर्तियों का विसर्जन कर दिया गया है और नई मूर्तियां स्थापित की गई हैं।
हालांकि बाद में पता चला कि ये मूर्तियां ऑनलाइन एक अंतरराष्ट्रीय वेबसाइट पर बिक्री के लिए डाली गई थीं। मठ के एक शिष्य जगदीश ऐताला ने जब वेबसाइट पर मूर्तियों की तस्वीरें देखीं, तो उन्होंने पुलिस को सूचित किया।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
जगदीश की शिकायत के बाद बेंगलुरु के बसवेश्वरनगर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने जांच शुरू की और पाया कि ये मूर्तियां बेंगलुरु की प्राचीन कलाकृतियों कंपनी ‘Idols’ को बेची गई थीं। कंपनी के मालिक नागेंद्र प्रसाद को पुलिस ने हिरासत में लिया और पूछताछ की।
जांच में यह भी पता चला कि मठ के प्रमुख स्वामी वासुदेव सदाशिवाश्रम और कुछ कर्मचारियों का इस चोरी और बिक्री में संबंध हो सकता है। इसके साथ ही अनिल कुमार, जयलक्ष्मी और श्रेयस जैसे अन्य लोगों के नाम भी सामने आए हैं।
मठ के कर्मचारियों की भूमिका क्या है?
पुलिस का कहना है कि कई कर्मचारियों ने इस कार्रवाई में सहायता की. उनके नाम भी FIR में दर्ज किए गए हैं। मामले की मौजूदा जांच में इन सभी लोगों के सहयोग से मूर्तियों की असली स्थिति और बिक्री के तंत्र की पुष्टि की जा रही है।
श्रद्धालुओं में इस चोरी और मूर्तियों की ऑनलाइन बिक्री की खबर से गहरा आक्रोश है। स्वामी का यह दावा कि मूर्तियों का विसर्जन किया गया, बाद में एक झूठ साबित हुआ। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।
पुलिस spokesperson ने बताया, “फिरौती या अवैध बिक्री की संदेहास्पद कड़ी को तोड़ने के लिए साइबर क्राइम सेल भी मामले में काम कर रही है।” जांच जारी है और जल्द ही नया खुलासा हो सकता है।
मुख्य बिंदु:
- उडुपी के बालेकुद्रु मठ से 6 प्राचीन मूर्तियां चोरी
- स्वामी वासुदेव सदाशिवाश्रम और कर्मचारियों के खिलाफ FIR
- चोरी हुई मूर्तियां ऑनलाइन एक वेबसाइट पर बिक्री के लिए डाली गईं
- पुलिस ने बेंगलुरु में कंपनी के मालिक को गिरफ्तार किया







