दिल्ली पुलिस ने यौन उत्पीड़न के एक गंभीर मामले में भगोड़ा आरोपी सजीर पल्ली मूप्पन (38) को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से गिरफ्तार कर राजधानी दिल्ली वापस लाने में मुख्य सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई में इंटरपोल और कई केंद्रीय एजेंसियों का सहयोग रहा।
मामले का संक्षिप्त विवरण
यह मामला दिल्ली के पंजाबी बाग में एक लाउंज में आयोजित बर्थडे पार्टी से जुड़ा है, जहां आरोपी सजीर ने पीड़िता को नशीला पदार्थ खिलाकर करोल बाग के एक होटल में फर्जी दस्तावेजों पर चेक-इन किया और यौन उत्पीड़न की घटना को अंजाम दिया।
पीड़िता की शिकायत के बाद POSH (प्रोटेक्शन ऑफ प्रॉमोटेड सेफ्टी) फ्रेमवर्क के तहत मामले की आंतरिक जांच शुरू की गई। आरोपी ने जांच शुरू होने के तुरंत बाद 5 जनवरी 2026 को भारत से भागकर दुबई में छुपने की कोशिश की।
अंतरराष्ट्रीय समन्वय से गिरफ्तारी
पीड़िता की formal शिकायत मिलने के बाद 18 फरवरी 2026 को दिल्ली पुलिस ने CBI के साथ मिलकर इंटरपोल के जरिए आरोपी के खिलाफ रेड नोटिस जारी कराया। गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय और CBI की समन्वय के चलते UAE अधिकारियों ने आरोपी को पकड़ लिया।
सीबीआई ने सभी कानूनी औपचारिकताओं को पूरा करने के बाद 4 नवंबर 2026 को आरोपी को दिल्ली पुलिस को सौंपा गया, जिससे दिल्ली लाने की प्रक्रिया पूरी हुई। आरोपी के खिलाफ अदालत में पहले ही चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।
भारत में इंटरपोल के ‘नेशनल सेंट्रल ब्यूरो’ के रूप में CBI सभी कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ समन्वय करता है। 2019 से अब तक इस प्रकार के सहयोग से 278 से अधिक वांछित अपराधियों को विदेशों से भारत वापस लाया जा चुका है।
यह कार्रवाई दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों की अंतरराष्ट्रीय सहयोग की ताजा उपलब्धि है, जो ऐसे गंभीर अपराधों के खिलाफ लड़ाई को मजबूती देती है।
आगे की कानूनी कार्रवाई पुलिस द्वारा पूरी गंभीरता से जारी है। आरोपी की गिरफ्तारी से पीड़ितों को न्याय मिलने की उम्मीद बढ़ी है और सुरक्षा व्यवस्था की भी पुष्टि होती है।
यह घटना दर्शाती है कि देश और विदेश में कानून प्रवर्तन एजेंसियां एकजुट होकर अपराधियों के खिलाफ सख्त कदम उठा रही हैं और उनसे बचना अब मुश्किल होता जा रहा है।







