2009 के बाद इजराइल चुनाव में नेतन्याहू की लिकुड पार्टी का सबसे कमजोर प्रदर्शन, सीटें 30 से कम

2009 के बाद इजराइल चुनाव में नेतन्याहू की लिकुड पार्टी का सबसे कमजोर प्रदर्शन, सीटें 30 से कम

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इजराइल चुनाव 2026 में नेतन्याहू की लिकुड पार्टी को झटका

27 अक्टूबर 2026 को हुए इजराइल के चुनावों में प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की लिकुड पार्टी को बड़ा झटका लगा है। शुरुआती गणना के अनुसार, लगभग 90% मतों की गिनती के बाद पार्टी को केवल 26 सीटें मिली हैं। यह स्थिति 2009 के बाद लिकुड पार्टी के लिए सबसे खराब चुनाव परिणाम माना जा रहा है।

लिकुड पार्टी के चुनावी प्रदर्शन पर नजर

लिकुड पार्टी के पिछले चुनाव परिणामों की बात करें तो 2013 में पार्टी को 31 सीटें मिली थीं, जबकि 2015 और 2021 में क्रमशः 30 सीटें हासिल हुई थीं। 2019 में हुए दो चुनावों में लिकुड ने बेहतर प्रदर्शन किया था, पहली बार अप्रैल में 35 और सितंबर में 32 सीटें पाईं। 2020 में यह आंकड़ा 36 तक पहुंचा था जो अब आधिकांश से बहुत कम है। इस बार शुरुआती नतीजे पार्टी के लिए निराशाजनक साबित हो रहे हैं।

कुल 120 सीटों वाली इजराइल की संसद में सरकार बनाने के लिए किसी पार्टी या गठबंधन को 61 सीटें जरूरी होती हैं। इस बार नेटन्याहू नेतृत्व वाले गठबंधन को कुल मिलाकर करीब 53 सीटें मिलींदिखाई दे रही हैं, जो बहुमत के लिए पर्याप्त नहीं है। विपक्षी गठबंधन को 48 सीटें मिलती दिख रही हैं और अरब पार्टियों के लिए यह आंकड़ा 19 है।

सरकार बनाने की चुनौतियां

नेतन्याहू की लिकुड पार्टी की कम सीटें सिर्फ पार्टी की कमजोरी नहीं बल्कि उनकी सरकार बनाने की संभावनाओं पर भी असर डाल रही हैं। इस स्थिति में अलग-अलग दलों का समर्थन जुटाना जरूरी माना जा रहा है। अगर नेतन्याहू को अन्य सहयोगी दलों का समर्थन नहीं मिलता है तो उन्हें नई रणनीतियां बनानी पड़ सकती हैं।

अभी तक के रुझानों के आधार पर कहा जा सकता है कि कोई भी गठबंधन स्पष्ट बहुमत हासिल नहीं कर पाया है। इस कारण नई सरकार बनाने में बहुत जटिलता रहेगी।

नेतन्याहू की लोकप्रियता पर सवाल उठ रहे हैं। उनकी पार्टी की इस गिरावट को सुरक्षा, आर्थिक स्थिति, सैन्य सेवा और प्रशासनिक मुद्दों से जुड़ी मतदाताओं की नाराजगी से जोड़ा जा रहा है। हालांकि, यह भी बताया जा रहा है कि चुनाव के नतीजों में गठबंधन की राजनीति और अन्य पार्टियों के प्रदर्शन का भी असर होता है।

आगे की गिनती और अंतिम नतीजे यह साफ करेंगे कि लिकुड पार्टी की सीटें कितनी रह जाती हैं और क्या नेतन्याहू बहुमत के लिए जरूरी समर्थन जुटा पाते हैं। 2009 के बाद पहली बार लिकुड की सीटें 30 से नीचे आना उनके लिए बड़ा राजनीतिक संकेत माना जा रहा है।

मुख्य तथ्य:

  • 27 अक्टूबर 2026 को हुए चुनाव में लिकुड को शुरुआती रुझानों में 26 सीटें मिलीं।
  • सरकार बनाने के लिए 61 सीटों की जरुरत है लेकिन नेतन्याहू गठबंधन को अभी सिर्फ 53 सीटें मिली हैं।
  • पिछले चुनावों में लिकुड की सीटें आमतौर पर 30 या उससे अधिक रही हैं।
  • अभी भी अंतिम नतीजों का इंतजार है जो स्थिति को स्पष्ट करेंगे।

Source

KPN News
Author: KPN News

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