जौनपुर, उत्तर प्रदेश
जौनपुर के बक्शा क्षेत्र में एक विद्यालय के शिक्षक पर कक्षा आठ के 13 वर्षीय छात्र की पिटाई करने का गंभीर आरोप लगा है। छात्र के पिता का आरोप है कि शिक्षक ने किसी बात को लेकर उसके बेटे के कान पर 25 से 30 थप्पड़ मारे। इसके बाद छात्र के कान का पर्दा फट गया। मामले में पिता की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मामला बक्शा क्षेत्र के काजी नेवादा स्थित एमआरडी विद्यालय का है। यहां गोरियापुर निवासी हरिश्चंद्र यादव का 13 वर्षीय बेटा हर्ष यादव उर्फ लकी कक्षा आठ में पढ़ता है। छात्र के पिता ने शिक्षक आनंद यादव पर मारपीट का आरोप लगाया है।
स्कूल से घर पहुंचने के बाद बिगड़ी हालत
हरिश्चंद्र यादव के अनुसार, मंगलवार को स्कूल में किसी बात को लेकर शिक्षक आनंद यादव ने उनके बेटे की पिटाई की। पिता का आरोप है कि शिक्षक ने छात्र के कान पर करीब 25 से 30 थप्पड़ मारे।
घटना के बाद छात्र स्कूल से अपने घर पहुंचा। घर पहुंचने के बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। इसके बाद परिवार के लोग उसे उपचार के लिए चिकित्सक के पास लेकर गए। जांच में उसके कान का पर्दा फटने की जानकारी सामने आई।
परिवार ने इसके बाद छात्र का नौपेड़वा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मेडिकल कराया। वहां से उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
पिता की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा
छात्र के पिता ने घटना की शिकायत पुलिस से की। उनकी तहरीर के आधार पर बक्शा पुलिस ने आरोपी शिक्षक आनंद यादव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
थानाध्यक्ष प्रशांत कुमार सिंह ने बताया कि मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है। पुलिस घटना से जुड़े सभी तथ्यों की पड़ताल कर रही है।
शिक्षक ने आरोपों को बताया गलत
वहीं, आरोपी शिक्षक आनंद यादव ने छात्र की पिटाई करने के आरोप से इनकार किया है। शिक्षक का कहना है कि उन्होंने छात्र को नहीं पीटा है और उन्हें इस मामले में फंसाया जा रहा है।
ऐसे में पुलिस के सामने शिकायत में लगाए गए आरोपों और शिक्षक के बयान की जांच करना महत्वपूर्ण होगा। छात्र का मेडिकल भी मामले की जांच का हिस्सा है।
जांच के बाद साफ होगी घटना की तस्वीर
फिलहाल पुलिस छात्र के पिता की तहरीर, मेडिकल रिपोर्ट और घटना से जुड़े अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि छात्र को चोट किन परिस्थितियों में लगी और विद्यालय में उस दिन वास्तव में क्या हुआ था।
घटना ने विद्यालय में बच्चों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, शिक्षक पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।










